क्या आप भी उन लोगों में से हैं जिनका दिल विदेश घूमने का करता है, लेकिन पासपोर्ट, वीज़ा और भारी-भरकम खर्चे देखकर सपने टूट जाते हैं? अगर हाँ, तो यह खबर आपके लिए ही है! क्योंकि आज हम आपको भारत में छुपे एक ऐसे हिडन जम्बोरे के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां की हवा-पानी, संस्कृति और नज़ारे आपको सचमुच लंदन पहुंचा देंगे। जी हाँ, हम बात कर रहे हैं भारत के ‘मिनी लंदन’ की – जहां आपको विदेशी फील मिलेगा, लेकिन बिल खारतानी!
कहां है ये ‘मिनी लंदन’?
अब आप सोच रहे होंगे कि ये जगह शिमला में है या मसूरी में? जवाब है – नहीं! भारत का यह ‘मिनी लंदन’ झारखंड की राजधानी रांची से महज 64 किलोमीटर दूर स्थित है और इसका नाम है – मैकलुस्कीगंज (McCluskieganj)। यहां का शांत वातावरण, हरियाली और यूरोपियन आर्किटेक्चर आपको हैरान कर देंगे।
इतिहास में छुपा है इसकी खासियत का राज़
इस छोटे से शहर की कहानी बेहद दिलचस्प है। इसकी स्थापना एक एंग्लो-इंडियन व्यापारी अर्नेस्ट टिमोथी मैक्लस्की ने की थी। उन्होंने यहां एक ऐसी कॉलोनी बसाने का सपना देखा था, जहां एंग्लो-इंडियन समुदाय के लोग बस सकें। हालांकि समय के साथ काफी कुछ बदल गया, लेकिन आज भी यहां की इमारतें, उनकी बनावट और हरियाली आपको यूरोप की याद दिला देंगी। यहां तक कि यहां के लोगों का अंदाज़-ए-बयां भी बाकी जगहों से अलग है!
क्यों जाएं मैकलुस्कीगंज?
अगर आप प्रकृति प्रेमी हैं और भीड़-भाड़ से दूर शांति की तलाश में हैं, तो यह जगह आपके लिए बनी है। यहां का शांत माहौल, ऊंचे-ऊंचे पेड़, पहाड़ियां और झरने आपको शहर की भागदौड़ से light-years दूर ले जाएंगे। बारिश के मौसम में तो यह जगह और भी खूबसूरत हो जाती है – मानो प्रकृति ने खुद को नहला-धोकर सजा लिया हो!

यहां आकर क्या करें?
- प्रकृति की गोद में समां: पतरातू वैली और नटका हिल्स के मनमोहक नज़ारों का आनंद लें।
- एडवेंचर के शौकीन हैं? तो ट्रेकिंग, हाईकिंग और कैम्पिंग का लुत्फ़ उठाएं।
- ऐतिहासिक धरोहरें देखें: यहां की एंग्लो-इंडियन वास्तुकला आपको हैरान कर देगी।
तो अगली बार जब भी आपका दिल विदेश घूमने का करे, तो पासपोर्ट-वीज़ा के चक्कर में पड़ने की बजाय सीधे मैकलुस्कीगंज चले आइए। यहां आपको लंदन जैसा फील तो मिलेगा ही, साथ ही आपका बजट भी नहीं फटेगा!
मैकलुस्कीगंज के बारे में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. मैकलुस्कीगंज की यात्रा का सबसे अच्छा समय कौन सा है?
मैकलुस्कीगंज की यात्रा का सबसे आदर्श समय अक्टूबर से मार्च के बीच का है, जब मौसम सुहावना और ठंडा रहता है। हालाँकि, अगर आप बारिश में हरियाली का मजा लेना चाहते हैं, तो मानसून (जुलाई-सितंबर) भी जाया जा सकता है।
2. क्या मैकलुस्कीगंज घूमने के लिए एक दिन काफी है?
जी हाँ, मैकलुस्कीगंज एक छोटा और शांत शहर है, जिसे एक दिन में आराम से एक्सप्लोर किया जा सकता है। हालाँकि, अगर आप ट्रेकिंग या कैम्पिंग का प्लान बनाते हैं, तो एक रुकना बेहतर रहेगा।
3. क्या यह जगह परिवार और दोस्तों के साथ जाने के लिए उपयुक्त है?
बिल्कुल! यह जगह प्रकृति प्रेमियों, फोटोग्राफरों, एडवेंचर एन्थूजियास्ट्स और उन सभी के लिए परफेक्ट है जो भीड़-भाड़ से दूर एक शांत जगह तलाश रहे हैं। परिवार और दोस्तों के साथ ट्रिप के लिए यह एक आदर्श डेस्टिनेशन है।

























